भारत ने यूक्रेन में रह रहे छात्रों सहित अपने नागरिकों से कहा है कि यदि वहां उनका रहना “आवश्यक नहीं समझा जाता है” तो वे वापस आ जाएं। सूत्रों ने कहा है कि यूक्रेन में भारतीय दूतावास के कर्मचारियों के परिवार के सदस्यों को भी घर भेजा जाएगा।
यूक्रेन संकट को लेकर उत्तरी अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) से जुड़े देशों और रूस के बीच बढ़ते तनाव के मद्देनजर यह परामर्श जारी किया गया है। दूतावास ने कहा, ‘‘यूक्रेन को लेकर बढ़ते तनाव और अनिश्चितताओं को देखते हुए सभी भारतीय नागरिक, जिनका प्रवास आवश्यक नहीं है, और सभी भारतीय विद्यार्थियों को अस्थायी रूप से यूक्रेन छोड़ने की सलाह दी जाती है।’’
दूतावास ने कहा कि यूक्रेन से ‘‘व्यवस्थित ढंग से और समय से प्रस्थान करने’’ के लिए उपलब्ध वाणिज्यिक उड़ानें, और चार्टर उड़ानें ली जा सकती हैं। उसने कहा, ‘‘भारतीय छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे चार्टर उड़ानों संबंधी सूचना के लिए संबंधित अनुबंधकर्ताओं से भी संपर्क करें और किसी भी अद्यतन जानकारी के लिए ई एंबेसी फेसबुक, वेबसाइट और ट्विटर पर दी जा रही सूचनाओं को देखते रहें।’’
